ग्रेटर नोएडा में किसानों की हुंकार: “4% प्लॉट नहीं तो सितंबर के बाद प्राधिकरण के गेट पर डेरा”, दिया साफ अल्टीमेटम
ग्रेटर नोएडा। किसानों का सब्र अब जवाब देने लगा है। प्राधिकरण पहुंचकर किसानों ने अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा और 4 प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट की मांग को लेकर साफ शब्दों में अल्टीमेटम दे दिया। किसानों ने कहा कि सितंबर का पूरा महीना प्राधिकरण के पास है — अगर इस दौरान मांग पूरी नहीं हुई तो अक्टूबर से आंदोलन को निर्णायक मोड़ पर ले जाया जाएगा।
चेतावनी साफ है — मांग अनसुनी रही तो अक्टूबर से ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सामने अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया जाएगा। किसानों का कहना है कि वर्षों से बड़ी संख्या में प्रभावित किसान अपने 4 प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट के हक से वंचित हैं।
“अब बार-बार ज्ञापन देने का दौर खत्म”
किसानों ने अधिकारियों के सामने बेबाकी से कहा कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक दल, नेता या संगठन के बैनर तले नहीं चल रहा — यह सीधे-सीधे उन पीड़ित किसानों की लड़ाई है, जिन्हें बरसों से उनका हक नहीं मिला। उनका कहना है कि अब बार-बार ज्ञापन देने का सिलसिला बंद होना चाहिए और सितंबर तक फैसला न होने पर आंदोलन और तेज कर दिया जाएगा।
गांव-गांव चलेगा जागरूकता अभियान
मार्च के दौरान किसानों ने बताया कि आने वाले दिनों में गांव-गांव जाकर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा, ताकि हर पात्र किसान अपने अधिकारों को लेकर जागरूक हो और आंदोलन को व्यापक रूप दिया जा सके।
किसानों ने एक बार फिर संकल्प दोहराया कि जब तक सभी पात्र और पीड़ित किसानों को 4 प्रतिशत अतिरिक्त प्लॉट नहीं मिल जाता, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा। पैदल मार्च पूरी तरह शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ और कार्यक्रम के अंत में किसानों ने सभी प्रतिभागियों का आभार जताते हुए अपने-अपने घरों की राह ली।
इस मौके पर संतराम प्रधान, मुखिया, भीम सिंह, रूप सिंह, दयाराम शर्मा समेत बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।

